बिहार में आगामी मानसून और संभावित बाढ़ को देखते हुए प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी सिलसिले में पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) के अरेराज की अनुमंडल पदाधिकारी (SDM) सुश्री अंजली शर्मा ने अधिकारियों की टीम के साथ संग्रामपुर अंचल के तहत आने वाले चंपारण तटबंध का बारीकी से निरीक्षण किया।
तटबंध पर मिले रैट होल और कटाव, मरम्मत के निर्देश
निरीक्षण के दौरान तटबंध (बांध) के कुछ हिस्सों पर चूहे के बिल (रैट होल), मिट्टी का कटाव और जमीनी क्षरण देखने को मिला। बाढ़ के समय यह कमियां खतरनाक साबित हो सकती हैं।
प्रशासनिक कार्रवाई:
- SDM ने मौके पर मौजूद बाढ़ नियंत्रण विभाग के इंजीनियरों को इन कमियों को तुरंत ठीक करने के निर्देश दिए।
- बांध के सुदृढ़ीकरण (मजबूतीकरण) का काम समय सीमा के भीतर पूरा करने को कहा गया है।
अतिक्रमण पर नजर और कर्मचारियों को सतर्क रहने की हिदायत
अधिकारियों ने निरीक्षण के दौरान तटबंध के ऊपर किए गए अस्थाई अतिक्रमण का भी जायजा लिया। बाढ़ के दौरान राहत और बचाव कार्य प्रभावित न हो, इसके लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
साथ ही, बाढ़ की अवधि में बांधों की चौबीसों घंटे निगरानी के लिए संबंधित राजस्व कर्मचारियों और सुरक्षाकर्मियों को पूरी तरह सतर्क रहने और ड्यूटी पर तैनात रहने को कहा गया है।
आम जनता से प्रशासन की अपील
स्थानीय प्रशासन ने आम नागरिकों से सहयोग की अपील की है:
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- तत्काल सूचना: बाढ़ या बांध से जुड़ी किसी भी आपातकालीन स्थिति की जानकारी तुरंत स्थानीय प्रशासन को दें।
- सहयोग: तटबंधों की सुरक्षा बनाए रखने और प्रशासनिक निर्देशों का पालन करने में अधिकारियों का सहयोग करें।
निरीक्षण टीम में शामिल मुख्य अधिकारी:
इस दौरान कार्यपालक अभियंता (बाढ़ नियंत्रण, मोतिहारी), सहायक अभियंता (अरेराज), कनीय अभियंता (संग्रामपुर) और संग्रामपुर के अंचलाधिकारी (CO) मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
संवाददाता अमरजीत सिंह






