बिहार के मोतिहारी जिले में पुलिस ने नशे के सौदागरों के खिलाफ एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। तीन थानों की पुलिस ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर भारी मात्रा में गांजा जब्त किया है। तस्करों ने इस खेप को पकड़े जाने से बचाने के लिए पुआल (पराली) के नीचे छिपाकर रखा था।
तीन थानों की पुलिस ने मिलकर की छापेमारी
नशीले पदार्थों की तस्करी की गुप्त सूचना मिलने के बाद पुलिस प्रशासन तुरंत एक्शन मोड में आ गया। इस कार्रवाई को अंजाम देने के लिए घोड़ासहन, जीतना और झरौखर थाना की पुलिस ने एक संयुक्त टीम बनाई। टीम ने जीतना थाना क्षेत्र के अंतर्गत अगरवा और रेगनिया के बीच स्थित एक नवनिर्मित मंदिर के पास घेराबंदी की।
पुआल के नीचे छिपा था नशे का भंडार
जब पुलिस ने संदिग्ध स्थल की तलाशी ली, तो वहां रखे पुआल के ढेर के नीचे छिपाकर रखा गया 102 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। बरामद गांजे की बाजार में कीमत काफी ज्यादा बताई जा रही है। पुलिस की इस मुस्तैदी ने तस्करों के मंसूबों पर पानी फेर दिया है।
तस्करों की पहचान जारी, जल्द होगी गिरफ्तारी
पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस अवैध कारोबार में शामिल कई संदिग्ध तस्करों की पहचान कर ली गई है। हालांकि छापेमारी के दौरान मौके से किसी की गिरफ्तारी की पुष्टि अभी नहीं हुई है, लेकिन पुलिस की टीमें संदिग्ध ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं।
नशे के खिलाफ अभियान रहेगा जारी
इस बड़ी बरामदगी के बाद इलाके के अवैध नशे के कारोबारियों में खलबली मच गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में अवैध मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। भविष्य में भी इस तरह के विशेष अभियान जारी रहेंगे ताकि अपराध और नशे के नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त किया जा सके।






