बिहार के पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) जिले से एक बड़ा मामला सामने आया है। यहाँ कोटवा प्रखंड में पदस्थापित एक श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी (LEO) पर एक छात्रा ने शादी का झांसा देकर तीन साल तक यौन शोषण करने और दो बार गर्भपात कराने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता की शिकायत पर महिला थाने में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली गई है।
सोशल मीडिया पर हुई थी मुलाकात
पीड़िता के अनुसार, वह पटना में रहकर पढ़ाई करती थी। साल 2023 में सोशल मीडिया के माध्यम से उसकी मुलाकात आरोपी अधिकारी से हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और आरोपी ने शादी का भरोसा देकर होटल और अन्य स्थानों पर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
गर्भपात कराने और धमकी देने का आरोप
छात्रा का आरोप है कि इस दौरान गर्भवती होने पर आरोपी ने उसे दवा देकर जबरन गर्भपात कराया। दूसरी बार गर्भवती होने पर आरोपी ने उसे कमरे में बंद कर दिया और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी।
मामला दबाने की कोशिश, वरिष्ठ अधिकारियों के हस्तक्षेप पर FIR
सूत्रों के मुताबिक, मामला सामने आने के बाद इसे प्रशासनिक स्तर पर दबाने और रफा-दफा करने का प्रयास किया गया। हालांकि, जब इस बात की जानकारी पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुँची, तो उनके निर्देश पर तुरंत कार्रवाई करते हुए महिला थाने में मामला दर्ज किया गया।
प्रशासनिक महकमे में हड़कंप
आरोपी अधिकारी मूल रूप से पश्चिमी चंपारण का निवासी है और वर्तमान में पूर्वी चंपारण के कोटवा प्रखंड में कार्यरत है। सरकारी अधिकारी पर इस तरह के गंभीर आरोप लगने के बाद जिला प्रशासन और संबंधित विभाग में हड़कंप मच गया है।
पुलिस का बयान: महिला थाना पुलिस ने आवेदन के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। पीड़िता के आरोपों की गंभीरता से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
संवाददाता अमरजीत सिंह






