पूर्वी चंपारण के जिलाधिकारी (डीएम) सौरभ जोरवाल ने हाल ही में मोतिहारी सदर अनुमंडल के विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। बंजारिया प्रखंड की सिसवा पूर्वी पंचायत में आयोजित इस बैठक में विभिन्न विभागों के प्रदर्शन का आकलन किया गया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
अधिकारियों के साथ योजनाओं की गहन समीक्षा
समीक्षा बैठक में मोतिहारी सदर, बंजारिया, तुरकौलिया, कोटवा, सुगौली और पिपराकोठी प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO), अंचलाधिकारी (CO), आवास पर्यवेक्षक और मनरेगा पीओ शामिल हुए। जिलाधिकारी ने एक-एक कर सभी विभागों की प्रगति रिपोर्ट जांची।
बैठक के मुख्य बिंदु:
- वित्तीय योजनाएं: 15वीं और 6वीं वित्त आयोग की योजनाओं की समीक्षा।
- जन कल्याण: ग्रामीण आवास योजना, पेयजल आपूर्ति और जन वितरण प्रणाली की स्थिति।
- राजस्व कार्य: दाखिल-खारिज, परिमार्जन और प्रमाण पत्र (जाति, आवासीय) जारी करने की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश।
लापरवाही पर सख्त रुख
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि आम जनता के काम में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कार्यों में देरी और लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों को डीएम ने कड़ी फटकार लगाई और समय सीमा के भीतर काम पूरा करने की चेतावनी दी।
सिसवा पूर्वी पंचायत के विकास मॉडल का निरीक्षण
बैठक के उपरांत जिलाधिकारी ने सिसवा पूर्वी पंचायत में बने पंचायत सरकार भवन, पार्क, लाइब्रेरी और तालाब का निरीक्षण किया। उन्होंने वहां की सुविधाओं और सौंदर्यीकरण की बारीकी से जांच की।
मुखिया तान्या प्रवीण के कार्यों की सराहना
डीएम सौरभ जोरवाल ने पंचायत की मुखिया तान्या प्रवीण द्वारा किए गए विकास कार्यों की प्रशंसा की। उल्लेखनीय है कि मुखिया तान्या प्रवीण को पूर्व में प्रधानमंत्री द्वारा जल संचय और जनकल्याणकारी कार्यों के लिए सम्मानित किया जा चुका है। जिलाधिकारी ने कहा कि अन्य पंचायतों के प्रतिनिधियों को भी इस मॉडल से प्रेरणा लेनी चाहिए।
प्रशासनिक उपस्थिति:
इस अवसर पर अपर समाहर्ता मुकेश कुमार सिंहा, उप विकास आयुक्त डॉ. प्रदीप कुमार, एसडीएम निशांत सिहारा और भूमि सुधार उप समाहर्ता प्रीति सिंह सहित भारी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।






