मोतिहारी (पूर्वी चम्पारण): भारत की आगामी जनगणना 2027 की तैयारी बिहार में जोर-शोर से शुरू हो गई है। पूर्वी चम्पारण जिले में इस महाभियान का औपचारिक आरंभ जिलाधिकारी (डीएम) श्री सौरभ जोरवाल के आवास से हुआ।
प्रथम चरण के तहत ‘मकान सूचीकरण और मकानों की गणना’ का कार्य जिलाधिकारी के आवास पर सफलतापूर्वक संपन्न किया गया। इस दौरान डीएम ने खुद पोर्टल पर अपनी जानकारी साझा की।
डिजिटल जनगणना: जिलाधिकारी ने ‘स्वगणना आईडी’ से दी जानकारी
नगर निगम, मोतिहारी के ब्लॉक संख्या 228 के तहत आने वाले जिलाधिकारी आवास पर प्रगणक सोनी कुमारी और पर्यवेक्षक नरेंद्र कुमार ने गणना का कार्य किया। इस अवसर पर जिला सांख्यिकी पदाधिकारी अवधेश कुमार श्रीवास्तव और राज्य नोडल अधिकारी आदित्य कुमार भी मौजूद रहे।
खास बात यह रही कि जिलाधिकारी ने ‘स्वगणना (Self-Enumeration) आईडी’ का उपयोग किया, जिसे अधिकारियों की उपस्थिति में पोर्टल पर सफलतापूर्वक सबमिट कर दिया गया।
आम जनता से अपील: प्रगणकों को दें सही जानकारी
कार्य संपन्न होने के बाद जिलाधिकारी सौरभ जोरवाल ने जिले के नागरिकों से एक महत्वपूर्ण अपील की। उन्होंने कहा:
”जनगणना से प्राप्त आंकड़ों के आधार पर ही भविष्य की सरकारी योजनाएं तैयार की जाती हैं। इसलिए, जब भी गणनाकर्मी आपके घर आएं, तो उन्हें पूरा सहयोग दें और पूछे गए सवालों के सही-सही जवाब दें। आपकी सही जानकारी जिले और देश के विकास के लिए जरूरी है।”
पूरी तरह पेपरलेस होगी प्रक्रिया: जानें मुख्य विशेषताएं
पूर्वी चम्पारण के जिला जनगणना पदाधिकारी सह अपर समाहर्ता श्री मुकेश कुमार सिन्हा ने इस अभियान की तकनीकी और प्रशासनिक तैयारियों की जानकारी साझा की:
- अभियान की अवधि: प्रथम चरण का यह कार्य 2 मई से 31 मई 2026 तक चलेगा।
- प्रशासनिक ढांचा: जिले को कुल 37 चार्ज में बांटा गया है, जिसमें 9,585 गणना ब्लॉक बनाए गए हैं।
- बड़ी टीम: इस कार्य को समय पर पूरा करने के लिए 9,478 प्रगणक और 1,627 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं।
- 34 प्रमुख सवाल: प्रगणक घर-घर जाकर मकानों की पहचान करेंगे और परिवार को मिलने वाली सुविधाओं, संपत्ति और अन्य संसाधनों से जुड़े 34 सवाल पूछेंगे।
- डिजिटल इंडिया का असर: इस बार की जनगणना की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह पूरी तरह पेपरलेस (Paperless) होगी। सभी आंकड़े सीधे मोबाइल ऐप या पोर्टल पर दर्ज किए जाएंगे।
इन अधिकारियों की रही मौजूदगी
इस महत्वपूर्ण अवसर पर प्रबंधन कोषांग से गोपाल जी मिश्र, अमरेश कुमार और कमलेश कुमार सिंह सहित कई अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। प्रशासन का लक्ष्य है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर जिले के हर घर की सटीक गणना सुनिश्चित की जा सके।






