बिहार के मोतिहारी में जहरीली शराब कांड के बाद हड़कंप मचा हुआ है। ताज़ा जानकारी के अनुसार, इस घटना में बीमार हुए लड्डू साह की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है। हैरानी की बात यह है कि संकट की इस घड़ी में मरीज के परिजन उसे अस्पताल में अकेला छोड़कर चले गए हैं, जिससे स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण हो गई है।
जिलाधिकारी और डीएसपी ने लिया अस्पताल का जायजा
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी (DM) सौरभ जोरवाल और सदर डीएसपी-1 दिलीप कुमार स्वयं सदर अस्पताल पहुंचे। अधिकारियों ने बीमार लड्डू साह के स्वास्थ्य की जानकारी ली और मौके पर मौजूद डॉक्टर विभु परासर से इलाज की बारीकियों पर चर्चा की। डॉक्टर के मुताबिक, मरीज की स्थिति वर्तमान में काफी चिंताजनक है और उन्हें निरंतर निगरानी में रखा गया है।
”जान बचाना पहली प्राथमिकता”: डीएसपी का सख्त निर्देश
सदर अस्पताल के दौरे के दौरान डीएसपी दिलीप कुमार ने डॉक्टरों को स्पष्ट शब्दों में कहा कि इलाज में किसी भी तरह की कोताही नहीं बरती जानी चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि:
- मरीज को बचाने के लिए हर संभव चिकित्सकीय प्रयास किए जाएं।
- इलाज के खर्च या संसाधनों की चिंता न करें, प्राथमिकता केवल जान बचाना है।
- प्रशासन पूरी तरह से डॉक्टरों के सहयोग के लिए तैयार है।
आम जनता से प्रशासन की अपील
डीएसपी ने सार्वजनिक रूप से लोगों से अपील की है कि यदि किसी ने भी जहरीली शराब का सेवन किया है, तो वे डरे नहीं। उन्होंने जोर देकर कहा कि कानूनी कार्रवाई के डर से बचने के बजाय लोग तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचे और अपना इलाज कराएं, ताकि समय रहते जान बचाई जा सके।
अस्पताल में सुरक्षा और निगरानी के लिए पुलिस कैंप
मरीजों की सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए नगर थानाध्यक्ष राजीव रंजन के नेतृत्व में सदर अस्पताल परिसर में ही एक पुलिस कैंप स्थापित किया गया है। इसकी जिम्मेदारी एसआई प्रमोद कुमार को सौंपी गई है। यह कदम मरीजों के परिजनों की पहचान करने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए उठाया गया है।
राहत की खबर: नए मामलों में आई कमी
प्रशासन के लिए एक राहत भरी खबर यह है कि अब जहरीली शराब पीने से बीमार होने वाले नए मरीजों की संख्या में गिरावट देखी जा रही है। डीएसपी के अनुसार, 1 और 2 अप्रैल के बाद से अब तक किसी नए व्यक्ति के बीमार होने की सूचना प्राप्त नहीं हुई है।
विशेष नोट: प्रशासन लगातार प्रभावित इलाकों में गश्त कर रहा है और लोगों को जागरूक कर रहा है कि वे संदिग्ध पेय पदार्थों से दूर रहें। किसी भी संदिग्ध लक्षण (जैसे धुंधला दिखना या बेचैनी) के दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
रिपोर्ट: अमरजीत सिंह (मोतिहारी)
संपादन: समाचार डेस्क






