मोतिहारी, पूर्वी चंपारण आम जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। शुक्रवार, 10 अप्रैल 2026 को मोतिहारी स्थित समाहरणालय के डॉ. राधाकृष्णन सभागार में ‘जनता के दरबार में जिला प्रशासन’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों ने अपनी शिकायतें अधिकारियों के समक्ष रखीं।
अधिकारियों ने की आवेदनों की विस्तृत सुनवाई
जिलाधिकारी के दिशा-निर्देश पर आयोजित इस कार्यक्रम में वरीय उप समाहर्ता श्री विकास कुमार और सुश्री निधि कुमारी सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारियों ने मोर्चा संभाला। शिविर में कुल 50 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें मुख्य रूप से जमीन और राजस्व से जुड़ी परेशानियां छाई रहीं। अधिकारियों ने एक-एक कर फरियादियों की बात सुनी और संबंधित दस्तावेजों की जांच की।
इन समस्याओं पर रहा मुख्य जोर
जनता दरबार में पहुंचे अधिकांश मामले निम्नलिखित विभागों से संबंधित थे:
- भूमि विवाद: जमीन की पैमाइश और आपसी रंजिश के मामले।
- अतिक्रमण: सार्वजनिक रास्तों या सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायतें।
- राजस्व विभाग: दाखिल-खारिज और अन्य कागजी प्रक्रियाओं में हो रही देरी।
”कानून के दायरे में होगा समस्याओं का समाधान”
सुनवाई के दौरान वरीय उप समाहर्ता श्री विकास कुमार ने जनता को आश्वस्त किया कि प्राप्त सभी शिकायतों पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। उन्होंने कहा:
”आज प्राप्त हुए सभी आवेदनों को संबंधित विभागों के अधिकारियों के पास भेज दिया गया है। हमारा प्रयास है कि नियमानुसार और पूरी पारदर्शिता के साथ इन समस्याओं का जल्द से जल्द निपटारा किया जाए।”
अधिकारियों को दिए गए कड़े निर्देश
प्रभारी पदाधिकारी (जिला जन शिकायत कोषांग) को निर्देशित किया गया है कि वे सभी प्राप्त आवेदनों को संबंधित कार्यपालक अधिकारियों को त्वरित निष्पादन हेतु भेजें। प्रशासन का लक्ष्य है कि कोई भी फाइल अनावश्यक रूप से लंबित न रहे और आम नागरिक को न्याय के लिए बार-बार कार्यालयों के चक्कर न काटने पड़ें।
इस पहल से स्थानीय निवासियों में उम्मीद जगी है कि उनकी वर्षों से लंबित समस्याओं का अब उचित समाधान मिल सकेगा।
रिपोर्ट: अमरजीत सिंह, मोतिहारी।






